गजब…..! लोकतंत्र का जनप्रतिनिधि भी नकली……!
धन्य है हिन्दुस्तान और यहाँ के कुछ अनोखा कारनामा करने लोग. आए आप लोगों ने पढा़ और सुना होगा कि हिन्दुस्तान के अमुक शहर में किसी शातिर कारनामे बाज ने अपने अनोखे कारनामे से अच्छे खासे जिम्मेदार अधिकारियों से लेकर आमजन को हैरान और परेशानी में डाल दिया. आज फिर अपने पाठकों को फिर एक ऐसी ही घटना से रुबरु करा रहे हैं.
आज तक आपने नकली पुलिस अधिकारी,नकली आयकर अधिकारी, नकली डीएम जैसे शातिर लोगों के बारे में पढ़ा और सुना होगा. अब आज आप हमारे लोकतंत्र के चुने जाने वाले नकली विधायक के बारे में शायद ही सुना और पढा़ होगा. हमारे देश के बारे में एक बात और कही व सुनी जाती है जुगाड़ से सभी का डुप्लीकेट बनाने में हिन्दुस्तानी के आगे कोई नहीं ठहरता. ऐसा ही कुछ मामला उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में संज्ञान में आया है जहाँ एक शातिर ने खुद को पूर्व विधायक बताकर अधिकारियों को लपेटने व धौंस देने का प्रयास किया तो माननीय विधायक बताने वाले ठग पुलिस के हत्थे चढ़ गया. घटना में डिबाई थाना पुलिस ने बदायूं जनपद की बिल्सी विधानसभा से पूर्व विधायक बता कर अधिकारियों को फोन करके ठगी करने वाले शख्स को गिरफ्तार किया है. आरोपी का नाम संजय ओझा है. आरोपी संजय ओझा बुलंदशहर के जहांगीराबाद क्षेत्र का रहने वाला है. आरोपी संजय ओझा कभी भी कहीं भी खुद को पूर्व विधायक बताकर लोगों को ठगने की कोशिश करने लगता था. संजय ओझा प्रदेश के डीजीपी, सचिव और जिला स्तरीय अधिकारी को बिल्सी का पूर्व विधायक बनकर फोन कर रहा था. आरोपी फोन से ही अधिकारियों को सिफारिश कर लोगों का काम करवाने की कोशिश करता था और उसी एवज में लोगों से पैसों की वसूली करता था. पुलिस का कहना है की डिबाई थाना क्षेत्र में जनवरी (2022) महीने में लोगों से ठगी का आरोपी फर्जी डिप्टी कमांडेंट भूपेंद्र गिरफ्तार किया गया था.फर्जी डिप्टी कमांडेंट भूपेंद्र और फर्जी विधायक संजय ओझा ने मिलकर दर्जनों बेरोजगार युवकों से नौकरी लगाने के नाम पर लाखों रुपए की ठगी की थी. इसके साथ ही फर्जी कमांडेंट भूपेंद्र से संजय ओझा ने एफआईआर रद्द करवाने के नाम पर 15 लाख रुपये भी हड़प लिए थे. आरोपी संजय ओझा ने खुद बताया है कि वो अफसरों को कॉल करके खुद को बदायूं जनपद की बिल्सी विधानसभा सीट से पूर्व विधायक बताता था, रेल पुलिस ने ब्लफ मास्टर संजय ओझा को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है. डिबाई के सीओ भास्कर मिश्रा ने कहा कि यह व्यक्ति संजय ओझा फर्जी विधायक बनकर आईएएस-आईपीएस अधिकारियों पर धौंस जमाता था. यह व्यक्ति बिल्सी के पूर्व विधायक आर के शर्मा का हवाला देता था, कहता था मैं विधायक आरके शर्मा बोल रहा हूं. पुलिस को जांच में जानकारी हुई कि एक मुकदमा थाने में फर्जी कमांडेंट भूपेंद्र के खिलाफ दर्ज है. उस केस की विवेचना में संजय ओझा का नाम प्रकाश में आया था.
