उत्तराखंडी उत्तराखंड की अस्मिता की लड़ाई लडने वालों के साथ नहीं
उत्तराखंड की भूमि, खेती,बाग बगीचे बचाने के लिए संघर्षरत करगेती की लड़ाई को मीडिया भी कर रहा नजरंदाज
सोशल मीडिया और चुंनिदे समर्थकों के सहारे रानीखेत से देहरादून में आकर मूल किसानों की लड़ाई लड़ रहे दीपक
किसानों के हितों की लड़ाई लडने वाले फर्जी किसान मट्ठा डाल रहे दीपक की लड़ाई में
उत्तराखंड की राजधानी का मिडिया किसान के हितों की लड़ाई लडने वालों से कर रहा परहेज, मात्र हिन्दुस्तान समाचार पत्र में दीपक की लड़ाई दिख रही, इलेक्ट्रॉनिक मीडिया सरकार की चापलूसी से नहीं हो पा रहा बाहर
दीपक की लड़ाई को धार देने का काम कर रहे वास्तविक किसान और आरटीई एक्टीविस्ट वीरभान सिंह रावत
पांच दिन से आमरण अनशन पर बैठे हुए हैं उद्यान विभाग के भ्रष्टाचार और उसके निदेशक की सीबीआई जांच को लेकर,न सरकार ने सुध ली न देहरादून की मिडिया ने
दीपक व वीरभान रावत ने शपथपत्र में उद्यान विभाग के निदेशक की भ्रष्टाचार की पोल खोली है।
सरकार ने विवादित अधिकारी को ही जांच सौंप दी ….!
उत्तराखंड की सरकार को कोसने वाली जनता, मिडिया और विपक्षी राजनीतिक दलों की खामोसी बढ़ावा दे रही भ्रष्टाचारियों को।
अब सवाल यह है कि क्या बाहरी राज्य से प्रतिनियुक्ति पर आए अधिकारी उत्तराखंड की भलाई सोचेंगे जो अपने राज्य में ही विवादित है….?
क्या धामी सरकार और धामीजी उद्यान विभाग में हो रहे खुलेआम भ्रष्टाचार की जांच सीबीआई से कराएंगे या फिर जनता को, किसानों को स्वयं निर्णय करना होगा कि कौन सही और कौन गलत….?

