नवयुग पब्लिक स्कूल का आठवां इंटर स्कूल गर्ल वॉलीबॉल प्रतियोगिता शुरू
कोटद्वार। कोटद्वार में विद्यालयी बालिकाओं को खेलों में प्रोत्साहित किए जाने वाले एकमात्र बालिका बालीबाल टूर्नामेंट की शुरुआत करने वाले नवयुग पब्लिक स्कूल प्रबंधन और शिक्षकों के पिछले सात सालों की मेहनत से आठवें टूर्नामेंट का भव्य शुभारंभ कोटद्वार पदमपुर मोटाढांग में हुवा।
नवयुग सीनियर सेकेण्डरी पब्लिक स्कूल पदमपुर मोटाढाक, कोटद्वार (पौडी गढ़वाल) द्वारा आयोजित नगर क्षेत्र के सबसे बड़े बालिका वॉलीबॉल टूर्नामेंट “बेटी बचाओ बेटी पढाओ बेटी खिलाओ अभियान के तहत दो दिवसीय 8th INTER SCHOOL GIRLS VOLLEYBALL TOURNAMENT 2023 विद्यालय परिसर में उद्घाटन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि बीरेन्द्र सिंह रावत जिलाध्यक्ष भारतीय जनता पाटी कोटद्वार ने मां सरस्वती के चित्र के सम्मुख दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारम्भ किया। इस अवसर पर छात्र/छात्राओं ने भी सरस्वती वन्दना के साथ रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी।
इस वॉलीबॉल प्रतियोगिता में कोटद्वार नगर को प्रतिष्ठित 16 विद्यालयों की टीमो ने प्रातिभागः किया।
प्रतियोगिता में पहले दिन पहले दौर में शानदार प्रदर्शन करते हुए पूर्व चैम्पियन नवयुग स्कूल सहित डी०ए०वी० पब्लिक स्कूल बलूनी पब्लिक स्कूल ए०पी०एन० पब्लिक स्कूल राइजिंग सन पब्लिक स्कूल, बाल भारती पब्लिक स्कूल फाजिल पब्लिक स्कूल एवं एमपब्लिक स्कूल ने क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई।
विद्यालय प्रबन्धक श्री डीसीएस नेगी ने मुख्य अतिथि शिक्षकों, अभिभावकों का आभार व्यक्त करते हुए छात्राओं का मनोबल बढाते हुए कहा बेटों के समान बेटियों का भी सर्वागीण विकास किया जाना चाहिए। यदि हमें एक सबल, सशक्त, स्वच्छ एवं विकसित राष्ट्र को बनाना है तो इस प्रकार के कार्यक्रम देश में होते रहने चाहिए।इस मौके पर विद्यालय प्रधानाचार्य श्रीमती नीलम नेगी व विद्यालय संस्थापक श्री हुकम सिंह नेगी एवं विद्यालय का समस्त स्टाफ छात्र/छात्राएँ तथा अन्य विद्यालयों के गणमान्य शिक्षक अभिभावक उपस्थित थे।
पीजी कालेज में 16 प्रत्याशियों ने किया नामांकन
राजकीय महाविद्यालय कण्वनगरी कोटद्वार में छात्र संघ चुनाव में 17 नामांकन
राज्यपाल गुरमीत सिंह ने एनआईटी श्रीनगर के चौथे दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में 98 प्रशिणार्थियों को की उपाधि प्रदान
2045 तक विकसित और सशक्त भारत निर्माण में तकनीक की मुख्य भूमिका रहेगी- गवर्नर
उन्होंने कहा कि भारत को यदि 2045 तक श्रेष्ठ भारत, विकसित भारत और समृद्ध भारत बनना है तो उसमें तकनीक मुख्य भूमिका में रहेगी तथा तकनीक के विकास और उसके उपयोग करने की क्षमता निर्माण में एनआईटी जैसे तकनीकी संस्थानो की मुख्य भूमिका होती है। कहा कि हमारे सामने विश्व गुरु भारत बनने की बड़ी चुनौती जरूर है, लेकिन मुझे विश्वास है कि हम भारतीय प्रौद्योगिकी और तकनीकी संस्थानों द्वारा तैयार की जा रही स्किल्ड और प्रोफेशनलों की जेनरेशन से यह दर्जा जरूर हांसिल कर लेंगे। कहा कि आज इन तकनीकी संस्थानों में प्रौद्योगिकी के साथ-साथ सामाजिक प्रबंधन, सांस्कृतिक समागम, ज्ञान और आध्यात्मिकता सभी दृष्टिकोण से कुशल पेशेवर तैयार किया जा रहे हैं।
राज्यपाल ने जिन 98 लोगों को उपाधि प्रदान की उनमें 92 बीटेक, 12 पीएचडी और 4 एमटेक धारक लोग शामिल थे। इनमें से 06 लोगों को गोल्ड मेडल भी प्रदान किया गया। आईआईटी दिल्ली के प्रोफेसर चंद्रशेखर ने पास आउट हुए लोगों से एक कर्तव्यनिष्ट, समर्पित, तार्किकता से परिपूर्ण और आविष्कारक एटीट्यूड वाले नागरिक बनने की प्रेरणा दी।
निदेशक एवं अध्यक्ष शासकीय मण्डल एनआईटी श्रीनगर, प्रो. ललित कुमार अवस्थी ने समारोह में अतिथियों और सभी जनमानस का स्वागत करते हुए संस्थान की उपलब्धियां, उसका इतिहास और भविष्य के लक्ष्य को सबसे साझा किया।
महामहिम राज्यपाल ने इस दौरान चंद्रबदनी, नंदा देवी, राजराजेश्वरी, शिव भक्ति, कंसमर्दनी और भागीरथी स्वयं सहायता समूह द्वारा तैयार किए गए उत्पादों का भी अवलोकन किया तथा महिलाओं के इन प्रयासों की मुक्तकंठ प्रशंसा भी की। इससे पूर्व महामहिम राज्यपाल ने श्रीनगर स्थित धारी देवी मंदिर में जाकर माथा टेका और पूजा अर्चना भी की।
इस दौरान महामहिम के साथ जिलाधिकारी गढ़वाल डॉ. आशीष चौहान, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्वेता चौबे, अपर जिलाधिकारी ईला गिरी, उप जिलाधिकारी नूपुर वर्मा व अबरार अहमद सहित अन्य कार्मिक उपस्थित रहे।


