रिपोर्टर: Author
August 5, 2026
चांद पर इसरो के वैज्ञानिकों ने फहराया तिरंगा
” समस्त भारतवासियों, इसरो के वैज्ञानिकों, इंजीनियरों, तक्निशियनों, खगोलविदों और ग्राउंड स्टाफ उन सभी सहयोगी वैज्ञानिक संस्थानों को इसरो के चंद्रयान 3 की सफलता पर लोक संवाद टुडे परिवार की ओर से कोटि कोटि बधाइयाँ” । ईश्वर इसरो की टीम के वैज्ञानिकों को भविष्य में भी ऐसी ही सफलता एवं उपलब्धियों से आशीर्वाद दे।
” आओ तुम्हेँ पर ले जाएं, बडा़ सा सपना सजाएं। प्यार भरा बंगला बनाएं, एक नई दुनिया बसाएं……..! “
बुधवार का दिन ऐतिहासिक, स्वर्णिम अक्षरों में दर्ज करने वाला रहा। अंतरिक्ष विज्ञान क्षेत्र में वर्षों की कठोर तपस्या, मेहनत के बलबूते इसरो के वैज्ञानिकों की टीम ने चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव में चंद्रयान- 3 को सफलतापूर्वक लैंडिंग कराकर पूरे विश्व के वैज्ञानिक जगत में धमाल मचाते हुए भारतीय वैज्ञानिक प्रतिभा का हीरा मनवाने पर विवश कर दिया। कल तक जो देश/वैज्ञानिक भारतीय प्रतिभा को बहुत कम आंकते थे, वही देश/वैज्ञानिक आज बगले झांकते हुए भारतीय वैज्ञानिकों की प्रतिभा के आगे नतमस्तक हैं।
इसरो के चंद्रयान-3 मिशन के प्रमुख एस सोमनाथ व उनकी टीम द्वारा 140 करोड़ देशवासियों को चंद्रयान 3 को चंद्रमा पर सफल लैंडिंग कराकर रक्षाबंधन से पूर्व पृथ्वी और चंद्रमा को भाई बहन की तरह मिलाकर बेहतरीन, शानदार व गौरवान्वित करने वाला उपहार दिया है।
भारतीय वैज्ञानिकों ने इसरो के वैज्ञानिकों की टीम के माध्यम विश्व के समृद्धशाली, ताकतवर और विज्ञान के साथ चलने वाले देशों को अपनी प्रतिभा से भौचक करते हुए भारत के विश्व गुरु बनने के सपनों को मुहर लगा दी है।
चंद्रमा पर दक्षिणी ध्रुव पर सफलतापूर्वक लैंडिंग करने वाला भारत पहला देश बन गया है, वही चंद्रमा पर पहुंचने वाले रूस, अमेरिका व चीन के बाद चौथा देश है। गौरतलब है कि भारत का अंतरिक्ष मिशन 1959 में शुरू हुआ जबकि रूस, अमेरिका व चीन दशकों पहले चंद्र मिशन शुरू कर चुके थे।
एक बार फिर से 140 करोड़ भारतीयों के साथ लोक संवाद टुडे की इसरो की चंद्रयान मिशन – 3 को बहुत बहुत बधाइयाँ और शुभकामनाएँ।
“भारत माता की जय, वंदे मातरम्’

