घुघुतिया त्यौहार की तैयारियों पर कुमाऊं सामाजिक, सांस्कृतिक मैत्री संगठन का मंथन
कोटद्वार। कोटद्वार में कुमाऊनी निवासियों के संगठन द्वारा कोटद्वार में पहली बार भव्य रूप में घुघुतिया त्यौहार मनाने की तैयारियों पर मंथन शुरू हो गया है। रविवार को सिगड्डी में कुमाऊं सामाजिक सांस्कृतिक मैत्री संगठन से जुड़े सदस्यों द्वारा बैठक आयोजित की गई। बैठक में संगठन से जुड़े सदस्यों ने निर्णय लिया कि पहली बार कुमाऊं के लोगों द्वारा कुमाऊं का लोकप्रिय त्यौहार उत्रायणी ( मकर संक्रांति/घुघुतिया ) त्यौहार भव्य रूप में मनाया जाएगा। त्यौहार में कोविड नियमों का ध्यान रखते हुए सदस्य परिवारों से एक दो सदस्यों को भाग लेने की अनुमति होगी। बताते चलें कि कोटद्वार में कुमाऊनी मूल के पन्द्रह हजार से अधिक परिवार निवास करते हैं, जिनमें अधिकांश परिवार सदस्यता ग्रहण कर चुके हैं। संगठन के सदस्यों ने निर्णय लिया है कुमाऊं की संस्कृति से जुड़े सामाजिक, सांस्कृतिक और धार्मिक त्यौहारों को सामूहिक तौर-तरीकों से मनाते हुए अपनी भावी पीढ़ी को कुमाऊनी सभ्यता से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा जिसके लिए कुमाऊं के बुजुर्गो का आशीर्वाद लिया जाएगा। इस मौके पर अध्यक्ष हुकुम नेगी, सचिव भास्कर पोखरिया, महामंत्री,एमसी पांडेय, कोषाध्यक्ष,पूरन अधिकारी, कुबेर जलाल,जगदीश मेहरा, पूरन जोशी, गोविंद बल्लभ, पंकज जोशी सहित कई लोगों ने भागीदारी की। कार्यक्रम का संचालन पुष्कर पवार ने किया।
जुंवा भैड़ गाँव के ग्रामीणों का संघर्ष हुवा कामयाब, विधायक ने किया 30 मीटर सेतु निर्माण का शिलान्यास
दुगड्डा। पिछले दो माह से पुल की मांग की ले कर धरने पर बैठे जुंवा, भैड़ गांव निवासियों ने पुल नहीं तो वोट नही को लेकर धरना प्रदर्शन पर डटे थे। जिसके लिये सांसद तीरथ सिंह रावत और विधायक ऋतु खण्डूरी ने उक्त पुल के निर्माण के लिये मौखिक आश्वासन दिया था, लेकिन ग्रामीण शासनादेश की प्रति मिलने के बाद ही धरना प्रदर्शन स्थगित करने पर अड़े थे। 31 दिसम्बर को धामी सरकार ने ग्रामीणों को नए वर्ष के उपहार के रूप में ग्रामीणों की पुल निर्माण की माँग पूरी करते हुए शासनादेश जारी कर दिए। जुवा भैड़ गाँव के लिये एक किलोमीटर सड़क पर लँगूरी गाढ़ पर 30 मीटर स्पान स्टील गार्डर सेतु का शिलान्यास पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज और विधायक यमकेश्वर ऋतु खण्डूरी ने किया । उक्त पुल की स्वीकृति लागत 203.85 लाख है। पर्यटन मंत्री महाराज और विधायक खंडूड़ी ने कहा कि हमारी सरकार की प्राथमिकता गाँवो को सड़क से जोड़ने की है, मैं जानती हूँ कि आप सभी ने उक्त सेतु के लिये संघर्ष किया, हम आपकी पीड़ा को समझते थे, हमने इस संबंध में हमने मुख्यमंत्री धामी से बात की और उन्होंने बिना देर किए ही सेतु निर्माण के लिये आदेश जारी कर दिए, हमारी सरकार की प्राथमिकता गाँव का विकास करना है। इस मौके पर संघर्ष समिति के अध्यक्ष मनोज कंडवाल, उप प्रधान जितेन्द्र सिंह एवं ग्राम प्रधान सांसद प्रतिनिधि चंडी प्रसाद कुकरेती औऱ अन्य ग्रामीण उपस्थित रहे।
नववर्ष पर सिद्धबली मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ ने पुलिस और प्रशासन का निकाला पसीना
कोटद्वार। गढ़वाल के प्रसिद्ध तीर्थ स्थल सिद्बवली मंदिर में नव वर्ष से श्रृद्धालुओं की भारी भीड़ ने प्रशासन और पुलिस का पसीना निकाल कर रख दिया। बताते चलें कि कोटद्वार का सिद्धी बाबा का मंदिर केवल गढ़वाल ही नहीं पश्चिमी उत्तरप्रदेश के श्रृद्धालुओं का भी आस्था का केन्द्र है। नववर्ष पर सिद्धबली नाम में बिजनौर, मुरादाबाद,मेरठ, गाजियाबाद,हापुड़, सहित उत्तराखण्ड के विभिन्न क्षेत्रों से श्रृद्धालुओं का बाबा के दर्शनार्थ तांता लग गया। अनुमान से कई ज्यादा श्रृद्धालुओं का मंदिर में दर्शनों के लिए पहुंचने पर व्यवस्था बनाने में प्रशासन और पुलिस को खासी मशक्कत करनी पड़ी। जैसे तैसे प्रशासन और पुलिस ने व्यवस्था को दुरुस्त करने में कामयाबी हासिल की। श्रृद्धालुओं ने कोटद्वार प्रशासन और पुलिस की व्यवस्था पर संतोष जताया।