कारगिल विजय दिवस के अवसर मिनी मैराथन का आयोजन
कारगिल विजय दिवस (२६ जुलाई) के अवसर पर जय देव भूमि फाउंडेशन द्वारा कारगिल वीर शहीदों को समर्पित मिनी मैराथन प्रतियोगिता को आयोजित किया गया। मैराथन का मुख्य आकर्षण अग्निवीर सैनिक रहे। मिनी मैराथन का नेतृत्व जय देवभूमि फाउंडेशन के संरक्षक कर्नल चंद्रपाल पटवाल द्वारा किया गया। मैराथन दौड़ का आयोजन विभिन्न वर्गों स्कूली बच्चों से लेकर महिला पुरुष 80+ बुजुर्ग कैटेगरी में किया गया। प्रतियोगिता में सफल प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया गया। मिनी मैराथन के साथ साथ जनता इंटर कॉलेज मिनी स्टेडियम खेल मैदान मोटाढांग कोटद्वार में पौधा रोपण भी किया गया एवं प्रतिभागियों द्वारा स्वच्छता कार्यक्रम चला कर अपने शहर को स्वच्छ रखने का संदेश दिया गया । सर्वप्रथम समस्त कारगिल वीर शहीद जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई । मिनी मैराथन का शुभारंभ भाजपा जिला अध्यक्ष राज गौरव नौटियाल , संरक्षक लेफ्टिनेंट कर्नल चंद्र पाल सिंह पटवाल( जय देवभूमि फाउंडेशन) शिवानंद लखेड़ा (अध्यक्ष) द्वारा हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। मिनी मैराथन का आरंभ बी.आर.सी देवी मंदिर कोटद्वार से कारगिल शहीद मदन सिंह पेट्रोल पंप पदमपुर मोटाढांग तक किया गया।
पुरस्कार वितरण समारोह जनता इंटर कॉलेज मिनी स्टेडियम पदमपुर मोटाढांग कोटद्वार में राष्ट्रगान के साथ प्रारम्भ हुआ। पुरस्कार वितरण कर्नल (से०नि०) चन्द्रपाल पटवाल, शिवनंद लखेड़ा अध्यक्ष जय देवभूमि फाउंडेशन , शोभा रावत महिला पतंजलि कोटद्वार , धीरेन्द्र कंडारी (जिला खेल संघ संरक्षक) , मनीष भट्ट रेडियो गढ़ वाणी , लक्ष्य कोचिंग इंस्टीट्यूट ,ग्रीन आर्मी देवभूमि उत्तराखंड, बावर्ची कोटद्वार, आधार शीला फाउंडेशन , लूना फाउंडेशन सामाजिक कार्यकर्ता सुनीता कोटनाला, श्रीमती रजनी रावत, हिमांशु द्विवेदी, सौरव नौडियाल पार्षद पदमपुर मोटाढांग ,धीरज सिंह रावत, श्री सुनील रावत, सिद्धार्थ रावत महेंद्र पाल सिंह( पूर्व सैनिक कल्याण समिति अध्यक्ष ),सिद्धार्थ रावत , महेंद्र रावत , शिवम नेगी उत्कर्ष नेगी, प्रांजल भट्ट, मोहम्मद तालिब आदि द्वारा अपना पूर्ण सहयोग दिया गया। एवं कार्यक्रम का संचालन परितोष रावत जी द्वारा किया गया।
मिनी मैराथन के विजेता प्रतिभागी –
विद्यालय वर्ग के बालक वर्ग (कक्षा – 9 – 12)
प्रथम – दिव्यांशु रा०ई का० सुखरो (कक्षा – 9),द्वितीय – विजय रा०ई० का० मोटाढांग,(कक्षा – 11),तृतीय मोहम्मद अयान रा०ई ०का० कुंभीचौड़ कक्षा – 12
(बालिका वर्ग)
प्रथम – नेहा जी.जी.आई.सी धमंडपुर (कक्षा – 9),द्वितीय – निकिता जनता इंटर कॉलेज मोटाढांग(कक्षा – 10),तृतीय – नव्या (कक्षा – 9 हैप्पी चिल्ड्रन एकेडमी)
ओपन वर्ग (आयु 18 से 80 वर्ष) पुरुष वर्ग
प्रथम – विनित कुमार राम,द्वितीय – संजय सिंह,तृतीय – लक्ष्मण
महिला वर्ग
प्रथम – शीतल,द्वितीय – मानवी,तृतीय – प्रिया रावत
अग्निवीर (प्रथम वर्ग)
प्रथम – विक्रम सिंह,द्वितीय – अनूप रावत,तृतीय – राजन
जूनियर (द्वितीय वर्ग)
प्रथम – रविन्द्रम,द्वितीय – सूर्यकांत,तृतीय – रोहित
सेवानिवृत वर्ग (40+) उम्र
प्रथम – सतीश भारद्वाज,द्वितीय – रणवीर, तृतीय :राकेश रावत
महिला वर्ग- (40+) अनीता बिष्ट विजेता रहे ।
कारगिल विजय दिवस के अवसर ग्रीन आर्मी स्वयं सेवकों द्वारा वृक्षारोपण
कारगिल विजय दिवस के अवसर पर पूर्व सैनिकों द्वारा शहीद वीर जवानों के लिए 26 जुलाई कारगिल विजय दिवस के उपलक्ष में अमर शहीदों की स्मृति में ग्रीन आर्मी देवभूमि उत्तराखंड के सहयोग से डिफेंस कॉलोनी कोटद्वार में पौधारोपण किया गया ।
भारतीय सेवा का जवान कभी बूढ़ा नहीं होता है। एक सैनिक का शरीर भले ही बूढ़ा हो जाए लेकिन उसका हौसला देश के प्रति समर्पण और देशभक्ति की भावना कभी काम नहीं होती है। इसी जज्बे की कहानी भारतीय सेना से सेवानिवृत्त 87 वर्ष के सूबेदार मेजर मदन सिंह रावत जो कि रैनसोली गाँव, ब्लॉक एकेश्वर, पौड़ी गढ़वाल के निवासी हैं, बताती है। सूबेदार मेजर रावत का जन्म 03 अगस्त- 1938 को हुआ तथा 03 अगस्त- 1956 को भारतीय सेवा में 5th गढ़वाल राइफल में एक सैनिक के रूप में शामिल हुए। पहाड़ के अन्य नौजवानों की भांति उनके अंदर भी देश के प्रति कुछ करने तथा देश समर्पण की भावना ओत-प्रोत रूप से भरी पड़ी थी। सन 1961 के भारत चीन युद्ध से लेकर 1971 के भारत-पाक युद्ध में सेना में कार्य किया तथा देश के प्रति अपने त्याग और समर्पण को प्रदर्शित किया। भारतीय सेना में एक सैनिक से लेकर सूबेदार मेजर तक के सफर के पश्चात श्री रावत दिनांक 03 नवम्बर-1987 को भारतीय सेना से सेवानिवृत्त हुए। सेवानिवृत्ति के पश्चात भी देश के प्रति प्रेम ने उन्हें चुप नहीं बैठने दिया तथा वह पर्यावरण संरक्षण के कार्यों में लग गए। पर्यावरण संरक्षण जो कि आज वर्तमान समय में एक वैश्विक समस्या बनकर दुनिया के सामने आई है तथा भविष्य के लिए चुनौती बनी हुई है, के संरक्षण के लिए निरंतर 35 वर्षों से कार्य कर रहे हैं। श्री रावत जी द्वारा अपने व्यक्तिगत प्रयासों से वृक्षारोपण तथा पर्यावरण संरक्षण का कार्य किया जा रहा है तथा लोगों को पर्यावरण संरक्षण से जोड़ने की मुहिम को आगे बढ़ाया जा रहा है। 87 वर्ष की उम्र हो जाने के पश्चात भी इस प्रकार देश प्रेम तथा अपने समाज व पर्यावरण संरक्षण के प्रति जिम्मेदारी का भाव निसंदेह ही युवाओं तथा समाज के लिए देश प्रेम और पर्यावरण के प्रति व्यक्तिगत जिम्मेदारियां का भाव विकसित करने वाले प्रेरणा स्रोत के रूप में स्थापित हुई है। श्री रावत का जीवन हमें निरंतर आगे बढ़ाने तथा देश और समाज के प्रति कुछ कर गुजरने के लिए प्रेरित करता है।
इस मौके पर सत्यवती रावत, विनय रावत, प्रियंका रावत, ग्रीन आर्मी देवभूमि उत्तराखंड शिवम नेगी, कोषाध्यक्ष उत्कर्ष नेगी मौजूद रहे।


