कोटद्वार विधानसभा को डबल तोहफा
लालढांग-चिल्लरखाल मोटर मार्ग और कूड़ा निस्तारण के लिए धन व भूमि अवमुक्त
वन मंत्री हरक सिंह रावत की लगातार कोशिश और वर्तमान मुख्यमंत्री का मिला कोटद्वार को मिला आशीर्वाद।
देहरादून/कोटद्वार । कोटद्वार विधानसभा की राज्य बनने के बाद से चली आ रही सबसे पुरानी और कोटद्वार को राज्य की राजधानी से जोड़ने वाली वाली राज्य सीमा से गुजरने वाली मुख्य सड़क लालढांग चिल्लरखाल को कई राजनीतिक उठा-पटक के बाद आखिरकार कोटद्वार विधायक और सूबे के वन मंत्री हरक सिंह रावत के लगातार अथक प्रयासों की मेहनत रंग ला ही गई। बुधवार को अपर सचिव नेहा वर्मा के लालढांग चिल्लरखाल मोटर मार्ग के लिए हुए रू 613.30 लाख जारी हुए आदेश पत्र से सडक निर्माण की बाधाए दूर हो गई। प्रथम किस्त 200.00 लाख रुपए अवमुक्त कर निर्माण का मार्ग भी प्रशस्त हो गया। वहीं कूड़ा निस्तारण हेतु भी 16 बीघा वन भूमि भी नगर निगम को हस्तांतरित हो गई। सड़क निर्माण की बाधाए दूर कश्रने में सूबे नये मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत ने भी अपनी स्वीकृति देकर कोटद्वार ही नहीं राज्य को भी बहुत बड़ा तोहफा दिया है।
त्रिवेन्द्र सिंह रावत के मुख्यमंत्री पद से हटते ही चाटुकार गायब,
कार्यकर्ताओं की भीड़ को तरसे पूर्व मुख्यमंत्री रावत
कोटद्वार।पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत दो दिवसीय पौड़ी जनपद दौरे पर है। जिसमे आज पूर्व मुख्यमंत्री कोटद्वार पंहुचे। भाजपा कार्यकर्ताओं ने पनियाली वन विश्राम गृह में त्रिवेन्द्र सिंह रावत का फूल मालाओं से जोरदार स्वागत किया। पूर्व मुख्यमंत्री ने भाजपा कार्यकर्ताओं से मुलाकात की और पौड़ी के लिए रवाना हो गए।
इस दौरान पूर्व सीएम त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने कहा कि प्रदेश में केवल चेहरा बदला है, जो कल्याणकारी योजनाएं मेरे कार्यकाल में चल रही है वह निरन्तर जारी रहेगी। पत्रकारों ने जब नवनियुक्त मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत के द्वारा लिए जा फेसलो और बयानों के बारे में पूर्व सीएम से पूछा गया तो वह भी शर्मिन्दगी महसूस करने लगे और चुप्पी साधी रखी और मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत के बयानों फैसलों पर प्रतिक्रिया देना मुनासिब नही समझा।जब टीएसआर मुख्यमंत्री थे तो चाटुकारों से घिरे रहते थे, लेकिन बुधवार को पूर्व मुख्यमंत्री के दर्शन करने से भी कोटद्वार के चाटुकार कार्यकर्ता नदारत रहे। बुधवार को पूर्व मुख्यमंत्री रावत के सवागत और कार्यक्रम में पूर्व जिलाध्यक्ष शैलेन्द्र बिष्ट लैंसडौन विधायक दिलीप रावत आदि कार्यकर्ता मौजूद रहे।


