सनेह पट्टी से जुड़े वार्डों/गांवों की समस्याओं को दूर करे सरकार
यूपी से सटे होने से विकास कार्य अवरुद्ध हैं
संवेदनशील क्षेत्र होने से अपराधियों को संरक्षण मिलता है।
अवैध खनन, भंडारण, नशे का कारोबार जड़ें जमा रहा क्षेत्र में
कोटद्वार। नगर निगम सनेह क्षेत्र कोटद्वार के संयुक्त समाज सेवी संगठन स्नेही पट्टी के ग्रामीणों ने मा. मुख्यमंत्री उत्तराखंड सरकार को मनोनीत होने पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए उन्होंने कहा कि उत्तराखंड प्रगति के पथ पर अग्रसर हो इसी कामना के साथ समाज सेवी संगठन स्नेह पट्टी अपनी मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई करने के लिए मांग करता है। उन्होंने ज्ञापन देते हुए कहा कि सनेह पट्टी विशुद्ध रूप से ग्रामीण क्षेत्र है। यहां की जनता की आय का मुख्य स्रोत खेती, बागवानी, पशुपालन है, तथा नगर निगम बनने के बाद क्षेत्र को तोड़ने की सुविधा और न ही पंचायत की सुविधा मिल रही है। जिससे ग्रामीणों की आर्थिक व्यवस्था चरमरा गई है। नगर निगम कोटद्वार से सनेह पट्टी के गांव को ग्राम पंचायत पूर्वत् रखा जाए। स्थानीय जनता का शुरू से नगर निगम का विरोध रहा है। सनेह क्षेत्र व काशीरामपुर के मध्य गूलर के पुल के समीप को नदी के किनारे सरकारी भूमि पर पार्क व उद्यान निर्माण की स्वीकृति के साथ धन मुहैया करने की मांग की, क्योंकि शहर काशीरामपुर वासियों ने क्षेत्र के बच्चे, बुजुर्ग गांव के लिए खेलने व टहलने का कोई स्थान नहीं है। उन्होंने भाजपा के चुनाव घोषणा 2017 में कोटद्वार में दो-दो केंद्रीय विद्यालय खुलवाने का वादा किया था, लेकिन 4 साल बीत जाने के बाद भी कोई प्रगति नहीं हुई है। जबकि पूरा कोटद्वार सैनिक सैनिक बाहुल्य क्षेत्र है। कोटद्वार से पाखरौ, कालागढ़, रामनगर के रास्ते जीएमओ बस का संचालन अतिशीघ्र करवाया जाए। कोटद्वार जिले की घोषणा के साथ जिला निर्माण की कार्यवाही की जाए। इस अवसर पर इस अवसर पर समाज सेवी संगठन के रतन सिंह नेगी, महानंद ध्यानी संगठन अध्यक्ष बिशनपुर, हरिश्चंद्र भदोला, चंद्रमणि देवरानी, राजेश सिंह, रविंद्र सिंह रावत, मोहन सिंह रावत, कीरत सिंह पंवार, मोहनलाल गौड़, नरेंद्र सिंह पुंडीर, महेंद्र पाल सिंह, समाजसेवी अंजू पुंडीर, वाचस्पति बहुखंडी,ओम प्रकाश बहुखण्डी, सुदर्शन प्रसाद आदि मौजूद रहे।
अपराधों और सामाजिक बुराइयों से दूर रहने को विद्यार्थियों को किया जागरूक
कोटद्वार । बाल यौनाचार, नशीले पदार्थों का सेवन सहित अपराधों और बुराइयों से विद्यार्थियों को जागरूक करने के लिए विगत वर्ष स्टूडेंट पुलिस कैडेट योजना की शुरुआत की गई। जिसके बाद शुक्रवार को पुलिस द्वारा राजकीय इंटर कॉलेज सुखरो कोटद्वार में स्थापित स्टूडेंट पुलिस क्लब के अंतर्गत विद्यालय के प्रधानाचार्य व अन्य शिक्षकगणों की उपस्थिति मे विद्यालय के छात्र-छात्राओं को नशे के बढ़ते दुष्प्रभावों के संबंध में / किशोरों के साथ हो रहे लैंगिक अपराधों / यातायात नियमों से अवगत कराकर जागरूक किया गया । तथा पुलिस इमरजेंसी नंबर 112 के संबंध में भी अवगत कराया गया । सेमिनार में छात्र-छात्राओं द्वारा पुलिस से संबंधित क्रियाकलापों व पुलिस से संबंधित कार्य प्रणाली के संबंध में सुझाव व जानकारी मांगी गई जिस संबंध में छात्र छात्राओं को ज्ञानवर्धक जानकारी दी गई। इस अवसर पर प्रधानाचार्य रविन्द्र सिंह रावत ने कहा कि समाज को स्वस्थ रखने के लिए किशोर-किशोरियों और युवक-युवतियों को संस्कारों से युक्त करना जरूरी है। अगर यही कर्णधार कदाचार और अपराध में लिप्त हुए तो राष्ट्र स्वस्थ नहीं बनेगा।
हाथियों ने उजाडी गेहूं की फसल, किसानों के परिवार संकट में
वन विभाग खनन माफियाओं के पीछे, जंगली जानवर किसानों के पीछे
कोटद्वार । कोटद्वार के भाबर क्षेत्रों में किसानों की गेहूं और दलहन की फसल कटाई को तैयार है। किसान अपनी तैयार फसल की कटाई की तैयारी में जुटे हैं तीन से छह माह की मेहनत का फल किसानों को मिलने वाला है, लेकिन वाह रे किसानों की बदकिस्मती मुसीबत है कि पीछा छोड़ने का नाम ही नहीं ले रही।ऐसा ही मामला कोटद्वार के भाबर क्षेत्र झंडीचौड और सनेह क्षेत्रों में देखने को मिल रहा है जहां गजराज अपने कुटुम्ब के साथ दावत मनाने में व्यस्त हैं तो वन विभाग भी खनन माफियाओं की होली की दावतों में मगसूल नजर आ रहा है। खनन माफियाओं को तो वन कर्मचारी अधिकारियों की रेड पड़ने की सूचना खनन माफियाओं को पहुंचाने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ रहे, लेकिन किसानों के मोबाइल की घंटी आउट आफ बता रही है या फिर मोबाइल नाट रिचेबल हो जाता है। किसानों की खेतों में गेहूं की फसल में हाथियों का झुंडों ने तैयार फसल के खेतों में दस्तक देकर किसानों की नींद हराम कर दी है। हाथी आए दिन महिलाओंखेतों में खड़ी फसल रौंदकर नष्ट करने के साथ ही संपत्ति को भी नुकसान पहुंचा रहे हैं। गुरुवार रात झंडीचौड में हाथियों ने किसानों की फसल रौंदकर तबाह कर दी है। गांवों में हाथियों की दस्तक से दहशत का माहौल बना हुआ है। गुरुवार की रात निकट गैस गोदाम, पश्चिमी झंडीचौड में घुसे हाथियों ने सुरेश कुमार सहित कई ग्रामीणों की करीब कई बीघा गेहूं की फसल रौंद कर नष्ट की है। ग्रामीणों ने शोर मचाकर बमुश्किल हाथियों को जंगल की ओर खदेड़ा। ग्रामीणों ने वन विभाग और प्रशासन से गांवों में हाथियों की दस्तक रोकने का जल्द कारगर कदम उठाने की मांग की है।
